रायपुर। नक्सलियों द्वारा शांति वार्ता के लिए जारी प्रेस नोट पर कांग्रेस ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। पार्टी ने कहा कि बस्तर में शांति स्थापना के लिए सरकार को इस प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। कांग्रेस का मानना है कि अगर यह प्रस्ताव प्रमाणिक है, तो दोनों पक्षों को संवाद के लिए आगे आना होगा। अब अंतिम निर्णय सरकार को लेना है।
बस्तर की शांति के लिए ठोस निर्णय ले सरकार
शांति वार्ता के लिए नक्सलियों ने रखी शर्तें
नक्सलियों की ओर से जारी प्रेस नोट के अनुसार, उन्होंने सरकार से सुरक्षाबलों के अभियानों को रोकने की अपील की है। सीपीआई (माओवादी) केंद्रीय समिति के प्रवक्ता अभय द्वारा जारी इस नोट में ‘ऑपरेशन कगार’ को रोकने की मांग की गई है। उनका दावा है कि इस अभियान के तहत आदिवासी समुदायों के खिलाफ हिंसा हुई है। नक्सली सुरक्षा बलों की वापसी और आतंकवाद विरोधी अभियानों को रोकने की मांग कर रहे हैं।


