डॉ खूबचंद बघेल की आदमकद प्रतिमा होगी स्थापित – उपाध्याय
मार्ग को डॉ खूबचंद बघेल नाम दिया जाएगा – जोगी
छत्तीसगढ़िया सांस्कृतिक नृत्य ने मोहा मन
रायपुर। छत्तीसगढ़ मनवा कुर्मी क्षत्रिय समाज गुढ़ियारी परिक्षेत्र द्वारा डॉ खूबचंद बघेल जंयती पखवाड़ा तहत बीते रविवार को महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी डॉ खूबचंद बघेल का जन्म जंयती एक गरिमामय कार्यक्रम के साथ भारत माता चौक के समीप बढ़ते कदम चौक में मनाया गया। कार्यक्रम आयोजन से पूर्व गुढ़ियारी में विशाल बाईक रैली मनवा कुर्मी स्वजातिय बंधु व भगिनियों द्वारा निकाला गया।

सैकड़ो की बाईक रैली में स्वजातिय बंधुओं द्वारा डॉ खूबचंद बघेल के गगनचुम्बी जयघोष और अमर रहे के नारों से पूरा वातावरण देषभक्ति से ओत प्रोत रहा। जंयती अवसर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर छत्तीसगढ़ शासन में संसदीय सचिव व क्षेत्रीय विधायक विकास उपाध्याय ने पहले छत्तीसगढ़ महतारी, डॉ खूबचंद बघेल व स्वामी आत्मानंद के तैलचित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर गुलाल व पुष्प अर्पित कर पुण्य स्मरण किया। तत्पश्चात सभा को संबोधित करते हुए कहा कि आज पूरा देश डॉ खूबचंद बघेल के राष्ट्र के प्रति बलिदान को याद कर रहा है। उन्होंने अपने छोटे से जीवन काल में व्यक्तित्व व कृतित्व का वो अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया है जिसका अनुसरण प्रदेश का पूरा युवा वर्ग करता है। डॉ खूबचंद बघेल के पद चिन्हों पर चलकर देश व प्रांत के लिए हर कोई अपनी अमिट छाप छोड़ना चाहता है। डॉ खूबचंद बघेल जी का व्यक्तिव्व बहुआयामी रहा है वे न सिर्फ चिकित्सक थे बल्कि स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, किसान, कवि, साहित्यकार, नाटककार, सामाजिक कार्यकर्ता, कुशल राजनीतिज्ञ आदि भी थे। उनके व्यक्तित्व का पूरा वर्णन करना मतलब सूर्य को दिया दिखाने जैसा है। श्री उपाध्याय ने आगे कहा कि ऐसे विरले प्रतिभा के धनी व्यक्ति सेे सिर्फ कुर्मी समाज नहीं बल्कि समस्त समाज के लोगों को कुछ न कुछ सीखने को मिलता है। उनके छत्तीसगढ़ के निर्माण को लेकर किया गया संघर्ष ही है कि हम आज छत्तीसगढ़ राज्य को यथार्थ रूप से पा पाए हैं। श्री उपाध्याय ने आगे कहा कि डॉ खूबचंद बघेल जैसे बहुमुखी प्रतिभा से संपन्न व्यक्ति के जीवन पढने मात्र से देशभक्ति मन में स्वस्फूर्त जागृत हो उठती है। इसलिए हम बहुत जल्द पश्चिम विधानसभा अन्तर्गत गुढ़ियारी क्षेत्र में एक विशालकाय आदमकद प्रतिमा डॉ खूबचंद की स्थापित करेंगे। जिसके लिए उचित जगह का निर्धारण प्रशासनिक प्रक्रिया तहत जल्द से जल्द किया जाएगा। कार्यक्रम में विशेष अतिथि के तौर पर उपस्थित नगर निगम में एमआईसी मेंबर व स्थानीय वार्ड पार्षद सुन्दर जोगी ने कहा कि डॉ खूबचंद बघेल ने सर्व समाज के कल्याण के लिए कार्य कर पूर्व में समाज पर व्याप्त ऊंच-नीच को खत्म करने का कार्य किया है। जिसका ही कारण है कि आज हम सभी जाति भेदों को तोड़कर साथ रहकर कार्य कर रहे हैं। न कोई ऊपर न कोई निचे, इस अद्भूत जन कल्याण कार्य के लिए समस्त समाज और प्रत्येक नागरिक उनका ऋणी रहेगा। श्री जोगी ने आगे कहा कि हमने गुढ़ियारी अन्तर्गत अण्डर ब्रिज से लेकर पड़ाव होते हुए मिनीमाता चौक तक मार्ग को डॉ खूबचंद बघेल मार्ग नाम दिए जाने के लिए प्रस्ताव निगम के पटल में रख दिया है। बहुत जल्द इस मार्ग का नामकरण डॉ खूबचंद बघेल मार्ग हो जाएगा।

कार्यक्रम में विशेष अतिथि के तौर पर ही छत्तीसगढ़ साहित्य अकादमी उच्च शिक्षा विभाग के पदुमलाल पुन्नालाल शोधपीठ के अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता एनडी मानिकपुरी ने डॉ खूबचंद बघेल के कृतित्व व व्यक्तित्व पर सिलसिलेवार प्रकाश डाल जन सभा को उनके अनुकरणीय पद चिन्हों पर चलने का आह्वाहन किया। कार्यक्रम में अतिथि के तौर पर भाजपा जिला उपाध्यक्ष आशु चंद्रवंशी ने भी डॉ खूबचंद बघेल के कृतित्व पर प्रकाश डाला। अध्यक्षीय उद्बोधन डॉ खूबचंद बघेल सामाजिक सत्संग भवन निर्माण समिति के अध्यक्ष पदुमलाल वर्मा ने दिया। वहीं कार्यक्रम का कुशल संचालन विशेष विद्रोही बघेल ने किया। कार्यक्रम का आभार घनश्याम वर्मा ने किया। आयोजन में छत्तीसगढ़ी संस्कृति के अनुरूप सांस्कृति प्रस्तुति समाज द्वारा दी गई। इस अवसर पर धर्मराज वर्मा, शगुन वर्मा, कृष्ण कुमार बघेल, लोचन टिकरीहा, भूषण वर्मा, हरीशचंद्र वर्मा, श्रीमति गोनी वर्मा, गैंद सिंह टिकरिहा, अजय चंद्रवशी, अजीत वर्मा, देवेन्द्र नायक, डॉ पीएल वर्मा, चंद्रशेखर वर्मा, राज वर्मा, ब्रिजेश वर्मा, चन्द्रशेखर वर्मा सहित सैकड़ों की संख्या में महिला व पुरष स्वजाति बन्धुगण उपस्थित रहे।

